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Hanso Hansao Khoon Badhao

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तेरा उपकार

Posted On: 19 Jun, 2013 Others में

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नमस्कार दोस्तों आज कुछ लिखने बैठा तो पाया की ये मेरा सौवां आलेख होगा, ये सोचकर ही दिल रोमांचित हो गया कि हमने भी 100 आलेख का आंकड़ा छू लिया ! समय का पता ही नही चला जब मैंने यहाँ लिखना शुरू किया था तो कभी सोचा नहीं था कि बहुत ज्यादा कुछ लिख पाउँगा , मगर मैं धन्यवाद देना चाहूँगा इस मंच का जिसने हम जैसे नौसिखिए और शौकिया लिखने वालों के लिए ये बेहतरीन मंच प्रदान किया, धन्यबाद देना चाहता हूँ अपने सभी साथियों का जो अभी लिख रहे हैं और जो किसी कारणवश अभी नहीं लिख रहे उनके प्रोत्साहन और प्यार का जिसने हमेशा मुझे लिखने के लिए प्रेरित किया ! अब ऐसे मौके पर सोचने बैठा कि इस विशेष आलेख पर क्या लिखूं मैं ? तो मन से सिर्फ एक ही आवाज आई कि मेरी जिस मात्र भाषा हिंदी ने मुझे जो कुछ भी लिखने योग्य बनाया है, तो क्यूँ न आज उसी की चरण वंदना मैं कुछ लिखा जाए तो बस उसी प्रयास के तेहत हिंदी के प्रति मन मैं जो भी भावना आई उसको शब्दों मैं लिख दिया है… आप सब भी पढ़िए और अपनी भावनाओं से अवगत कराइए कि हिंदी जैसी विराट भाषा को शब्द देने के प्रयास मैं कुछ सफल हो सका या नहीं …….. !

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MAASAR


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मान तू सम्मान तू , तुझसे ही स्वाभिमान है

भाषा की सिरमौर तू, तू राष्ट्र का अभिमान है

तू गध मैं तू पध्य मैं, तू रस, छंद अलंकार है

तूने लिखा इतिहास है, तू साहित्य का श्रृंगार है

तू वेदना संवेदना कहीं, लरजती नवयौवना

बल पे तेरे प्रकट करें मन की अपनी भावना

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देवी है तू ज्ञान की, तू देश की पहचान है

सांस है तू बोली की, भारत का तू सम्मान है

जन जन की तू जुबान है, हर भारतीय की आन है

जन्म से मिला हमें जो, तू प्रभु का वो वरदान है

——————————————————————————————————————–

तू आज इतना कर जरा, हर लहू मैं जोश भर ज़रा

हिंदी है तू माँ-बोली है, फिर इतनी क्यूँ अकेली है

हम भूल गए कर्त्तव्य जो, कर्त्तव्य अपना अदा करें

झुका के शीश चरणों मैं तुझको नमन सदा करें

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आओ सब प्रण करें लौटायें हिंदी की पहचान हम

जो भूले हैं ऋण हिंदी का उनको जरा जगा दें हम

मात्र भाषा सिरमौर बने जो विश्व मैं चूमे गगन

अपनी हिंदी भाषा को अब इतना ऊँचे उठा दें हम

—————————————————————————————————————–

जो भी यहाँ मैं शब्द लिखूं वो तेरा ही उपकार है

कैसे करूँ मैं वंदना, बस हृदय से सत्कार है

हे मेरी मात्र भाषा तेरी मुझपे रहे आशीष सदा

माँ शत-शत नमन तुझे, तेरा मुझपे जो उपकार है

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40 प्रतिक्रिया

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नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments

harirawat के द्वारा
June 29, 2013

आपके लेख की सेंचुरी पर बहत सारी बधाई ! वैसे भी आप सरस्वती के भक्त हैं सचीन की तरह १०० सतक भी लगा सकते हैं ! सुना सुना था की कोई आल राऊन्दर जनजागरण की पीच पर १०० कैच पकड़ चुका है, १०० विकेट ले चुका है और १०० रन बना कर भी आउट नहीं हुआ है ! आपके ब्लॉग पर आकर प्रत्यक्ष देख भी लिया ! सचमुच आपके ऊपर सरस्वती जी की कृपा दृष्टि है ! जरा नजर इनायत जागते रहो पर भी कर दीजिये ताकि ये अगली सेंचुरी के हाफ का आंकड़ा छूने में सफल हो सके ! धन्यवाद !

    allrounder के द्वारा
    June 29, 2013

    सादर नमस्कार हरी रावत जी.. आपका बहुत बहुत आभार आपके स्नेहाशीष के लिए और इतनी सुन्दर प्रतिक्रिया देने के लिए इससे काफी प्रोत्साहन मिलता है …. ऐसे ही प्रोत्साहित करते रहें और आप भी जल्दी हाफ सेंचुरी पूरी करें हमारी शुभकामनायें आपको !

manoranjanthakur के द्वारा
June 27, 2013

बहुत बहुत बधाई …शतक के लिए …लेखनी सुहानल्लाह

    allrounder के द्वारा
    June 27, 2013

    आपका हार्दिक आभार मनोरंजन जी, शुभकामनाओ के लिए !

seemakanwal के द्वारा
June 26, 2013

अति सुन्दर .शतक की शुभ कामना .

    allrounder के द्वारा
    June 27, 2013

    नमस्कार सीमा जी आपका हार्दिक आभार शुभकामनाओं के लिए !

manishsingharaghav के द्वारा
June 23, 2013

सचिन भाई कभी हमारे वक्त में पढने से या गाने से पहले माँ सरस्वती की उपासना करनी जरूरी होती थी लेकिन अफ़सोस आजकल यह सिस्टम लगभग खत्म ही हो गया है । मैं भी जब बच्चों को संगीत सिखाती थी तो सबसे पहले माँ शारदे की आराधना सबसे पहले करवाया करती थी । आपने २१ जून को माँ शारदे को याद करके पुराने दिन याद दिलवा दिए । बहुत सुंदर आराधना ।

    allrounder के द्वारा
    June 25, 2013

    नमस्कार मनीषा जी वंदना पढ़कर आपको बचपन के दिन याद आये और रचना आपको अच्छी लगी,अपने अनमोल विचार देने के लिए हार्दिक आभार आपका !

rashmisri के द्वारा
June 22, 2013

सचिन जी, माँ सरस्वती ,के चरणों का सुन्दर वंदन ….बहुत अच्छी रचना ….!

    allrounder के द्वारा
    June 25, 2013

    सादर प्रणाम रश्मिश्री जी …. रचना आपको पसंद आई, आपने अपने विचार दिए उसके लिए हार्दिक आभार आपका !

PRADEEP KUSHWAHA के द्वारा
June 21, 2013

आदरणीय सचिन जी सादर /सस्नेह शतक हेतु बधाई जे जे पर आपने ऐतिहासिक कार्य किये बधाई

    allrounder के द्वारा
    June 22, 2013

    आदरणीय कुशवाहा जी सादर प्रणाम , मंच पर जो कुछ भी योगदान दे सका वो आप सभी लोगों का आशीष और स्नेह है ….. आपका हार्दिक आभार सुभाशीष और प्रोत्साहन के लिए !

sudhajaiswal के द्वारा
June 21, 2013

देवी है तू ज्ञान की, तू देश की पहचान है सांस है तू बोली की, भारत का तू सम्मान है जन जन की तू जुबान है, हर भारतीय की आन है जन्म से मिला हमें जो, तू प्रभु का वो वरदान है सचिन जी, अति सुन्दर रचना के साथ शतक के लिए बहुत-बहुत बधाई |

    allrounder के द्वारा
    June 22, 2013

    आपकी शुभकामनाओं और अनमोल विचारों के लिए हार्दिक आभार सुधा जी !

aman kumar के द्वारा
June 21, 2013

सचिन जी, शतक लगाने की बहुत बहुत बधाई | अगर एस मुकाम पर आप अपने पुराने लेखो को देखे तो अच्छा लगेगा ! हिंदी तो हमारी माँ है ! माँ शत-शत नमन तुझे, तेरा मुझपे जो उपकार है आभार 1

    allrounder के द्वारा
    June 22, 2013

    बिलकुल सही फरमाया आपने भाई अमन कुमार जी ….. इस मौके पर पीछे के अपने आलेख पलटकर पढना एक अजीब सा सुकून और सुखानुभूति का एहसास कराता है ! आपके शुभकामनाओ और विचारों के लिए हार्दिक आभार !

yogi sarswat के द्वारा
June 21, 2013

तू आज इतना कर जरा, हर लहू मैं जोश भर ज़रा हिंदी है तू माँ-बोली है, फिर इतनी क्यूँ अकेली है हम भूल गए कर्त्तव्य जो, कर्त्तव्य अपना अदा करें झुका के शीश चरणों मैं तुझको नमन सदा करें राष्ट्रभाषा को सम्मान तभी मिलेगा जब हम उसे सम्मान देना शुरू करेंगे ! बहुत सटीक लेखन दिया है आपने श्री सचिन जी इस मंच को ! आपके जैसे ब्लोगर्स से ही तो ये मंच आज तक रोशन है और अपनी आभा बिखेर रहा है ! आपको शतकवीर होने की बहुत बहुत बधाई !

    allrounder के द्वारा
    June 22, 2013

    नमस्कार योगी जी …. आपकी शुभकामनाओं और प्रोत्साहित करते विचारों के लिए हार्दिक आभार !

priti के द्वारा
June 20, 2013

सचिन जी शानदार शतक लगाया है आपने ,राष्ट्र -भाषा हिंदी के सम्मान में बहुत ही सुन्दर रचना ……हार्दिक बधाई !

    allrounder के द्वारा
    June 22, 2013

    नमस्कार प्रीती जी, अपने अनमोल विचार देने और कविता का मान बढाने के लिए आपका हार्दिक आभार !

Santosh Kumar के द्वारा
June 20, 2013

आदरणीय सचिन जी ,..सादर नमन शतक पर भावभीनी प्रार्थना के लिए हार्दिक अभिनन्दन ………हार्दिक बधाई

    allrounder के द्वारा
    June 22, 2013

    आपका हार्दिक धन्यबाद भाई संतोष जी,, काफी दिनों बाद आपकी प्रतिक्रिया और इस अच्छे मौके पर आपका साथ पाकर मन भावुक हो गया ! हार्दिक आभार भाई जी !

sinsera के द्वारा
June 19, 2013

सचिन जी, शतक लगाने की बहुत बहुत बधाई… अपने नाम के असर के तहत इसी तरह शतक पर शतक लगाइए…और माँ सरस्वती की भावभीनी वंदना अर्चना में मेरी ओर से भी कुछ पुष्प अर्पित कर दीजिये…बधाई..

    allrounder के द्वारा
    June 20, 2013

    अरे ये क्या सरिता जी …. एक के साथ एक फ्री लगता है शतकीय पारी पर ये विशेष उपहार है आपकी ओर से :) इसे भी हम सहर्ष स्वीकारते हैं ! और हाँ ये क्या पिछले पोस्ट पर हमारे उकसाने के बाद भी आपने कोई शरारत शेयर नही की थी ….. अब कम से कम माँ सरस्वती के चरणों मैं २ पंक्तियाँ तो अर्पित कर दीजिये … ! खैर आपने मुझे आदेश दिया है तो आपके आदेश का पालन करते हुए २ पंक्तियाँ आपकी ओर से माँ सरस्वती को समर्पित करता हूँ .. ” माँ सरस्वती सदा यूँ ही मन मैं हमारे ज्ञान का दीपक जलाए रखना और हमारी सरिता जी के मन मैं हिंदी की सरिता बहाए रखना ” लीजिये मैंने तो कर दी समर्पित किन्तु अब आप भी कुछ पंक्तियाँ यहाँ व्यक्त कर श्रधा सुमन अर्पित करें तो बहुत अच्छा होगा ! आपका हार्दिक आभार सरिता जी !

sinsera के द्वारा
June 19, 2013

सचिन जी, शतक लगाने की बहुत बहुत बधाई… अपने नाम के असर के तहत इसी तरह शतक पर शतक लगाइए…और माँ सरस्वती की भावभीनी वंदना अर्चना में मेरी ओर से भी कुछ पुष्प अर्पित कर दीजिये….बधाई..

    allrounder के द्वारा
    June 20, 2013

    सादर नमस्कार सरिता जी … आपकी इस उत्साहवर्धक प्रतिक्रिया और शुभकामनाओं के लिए हार्दिक आभार आपका !

Parveen Malik के द्वारा
June 19, 2013

Best blogger of the week ki agrim shubhkamnayen sachin ji :) Century me liye bhi badhai :)

    allrounder के द्वारा
    June 20, 2013

    नमस्कार प्रवीण जी आपके इस सम्मान और शुभकामनाओं के लिए हार्दिक शुक्रिया !

div81 के द्वारा
June 19, 2013

शतकीय ब्लॉग के लिए बहुत बहुत बधाई सचिन जी साथ ही .’मातृ’ भाषा और राष्ट्र भाषा के सम्मान में समर्पित इस रचना के लिए भी  विशेषरुप से बधाई कबुलिये

    allrounder के द्वारा
    June 20, 2013

    नमस्कार दिव्या जी शतक और मातृ भाषा के लिए प्रेषित आपकी शुभकामनाएं ह्रदय से कबूल करते हैं और आपका हार्दिक आभार व्यक्त करते हैं !

alkargupta1 के द्वारा
June 19, 2013

हँसते हँसाते एक शानदार शतक लगाने पर मेरी हार्दिक शुभकामनाएं सचिन जी ऐसी कामना करती हूँ आगे भी अपने ज़ोरदार शतक लगते रहेंगे साथ में हिंदी भाषा को समर्पित सुन्दर शब्दों से सुसज्जित उत्कृष्ट कृति के लिए बधाई हम भूल गए कर्त्तव्य जो, कर्त्तव्य अपना अदा करें झुका के शीश चरणों मैं तुझको नमन सदा करें —————————————————————————————————————————— आओ सब प्रण करें लौटायें हिंदी की पहचान हम जो भूले हैं ऋण हिंदी का उनको जरा जगा दें हम मात्र भाषा सिरमौर बने जो विश्व मैं चूमे गगन अपनी हिंदी भाषा को अब इतना ऊँचे उठा दें हम हिंदी भाषा मेरा नमन

    jlsingh के द्वारा
    June 19, 2013

    आदरणीय सचिन जी, सादर अभिवादन! सर्वप्रथम आपको शानदार शतक की बधाई! और सुंदर भावों के साथ हिंदी का मान बढ़ाने के लिए आपका अभिनन्दन! अभिनंदन माँ शारदे की जिसकी तस्वीर आपने लगाई है! बाकी सारी बाते आदरणीया अलका जी ने लिख दी है इसलिए अपनी प्रतिक्रिया उनके साथ ही दे रहा हूँ! पुन: बधाई!

    allrounder के द्वारा
    June 20, 2013

    आदरणीय अलका जी सादर प्रणाम आपके उत्साहवर्धन और शुभकामनाओं के लिए हार्दिक आभार आपका आप सबका स्नेह और समर्थन हमेशा मिलता रहा है आगे भी जारी रखिये हार्दिक आभार ! हिंदी पर लिखी इस कविता को आपने पसंद किया प्रयास सफल हुआ !

    allrounder के द्वारा
    June 20, 2013

    सादर प्रणाम जे एल सिंह जी …. आपकी प्रतिक्रिया के लिए आभार हिंदी ने सदा ही हमारा मान रखा है …. और ऐसे मैं कुछ हिंदी की स्तुति मैं हम कह सके ये भी हिंदी और माँ सरस्वती की महिमा है …. आपकी शुभकामनाओ हेतु हार्दिक आभार !

Rachna Varma के द्वारा
June 19, 2013

सचिन जी ,इस ब्लागीय शतक पर हार्दिक शुभकामनाये ! माता सरस्वती को समर्पित इस कविता की जितनी भी तारीफ करे वह कम है ….

    allrounder के द्वारा
    June 20, 2013

    सादर प्रणाम रचना जी….. आपकी शुभकामनाओं और प्रोत्साहित करती प्रतिक्रिया के लिए हार्दिक आभार आपका !

sumit के द्वारा
June 19, 2013

सदा ऐसे ही लिखते रहे…..और सुंदर रचनाये पढ़ाते रहे

    allrounder के द्वारा
    June 20, 2013

    आपका हार्दिक आभार सुमित जी …. आपकी शुभकामनाओं के लिए !

roshni के द्वारा
June 19, 2013

सचिन जी सबसे पहले तो १०० शतक पे बधाई हो … अपने १०० पोस्ट पर अपने हिंदी भाषा के गौरव सम्मान के लिए जो भावनाए व्यक्त करी है वोह काबिलेतारीफ है … ye हम सब का कर्तव्य है की अपनी हिंदी भाषा को सम्मान दे उसकी जगह दे .. सुंदर विचारों के लिए आभार बधाई

    allrounder के द्वारा
    June 20, 2013

    नमस्कार रोशनी जी …… आपका हार्दिक आभार हमेशा की तरह हौसला बढाने के लिए और एक और धन्यबाद मेरी इस विशेष पोस्ट पर जो की १००वीं है पर पहली प्रतिक्रिया देने के लिए, जो की आप अक्सर करती है आपके स्नेह के लिए ह्रदय से आभार !


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